रायपुरिया में श्रीराम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव: चौथे दिन भक्ति और वैदिक अनुष्ठानों की गूंज…

रायपुरिया@राजेश राठौड़
पाटीदार समाज द्वारा नव निर्मित श्रीराम मंदिर के सप्तदिवसीय प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव के चौथे दिन वैदिक मंत्रोच्चार और हवन के साथ पूरा पंडाल शिवभक्ति के माहौल में सराबोर हो गया। चतुर्थ दिवस के विशेष आयोजन में मंत्रों की गूंज के बीच श्रद्धालुओं ने भावविभोर होकर भगवान यज्ञनारायण के जयकारे लगाए। इस महोत्सव के चौथे दिन देवपूजन, यज्ञ स्वाहाकार, सहस्त्रवाचन, पत्र पुष्प, फलाधिवास प्रकार की पूजा को वैदिक मंत्रोपचार के साथ पूर्ण किया। इस अवसर पर श्री कृष्ण काम धेनु गौशाला ग्राम बनी के पीठाधीश्वर आचार्य देवेंद्र शास्त्री धरियाखेड़ी मंदसौर वाले ने बताया कि सप्तदिवसीय देवीय प्राण प्रतिष्ठा अनुष्ठान आमतौर पर भगवान की प्रतिमा को जीवंत करने के लिए किया जाता है, जिसमें पहले तीन दिनों की पूजा में विशेष अधिवास और होम (हवन) आयोजित किए जाते हैं। जिसमें हवन और मंत्रोच्चार वैदिक आचार्यों द्वारा विधि-विधान से विशेष हवन किया जाता है, जिससे वातावरण मंत्रमय हो जाता है, इसके बाद अधिवास प्रक्रिया की जाती है जिसमे मूर्ति को औषधियों, केसर, घी और अन्नाधिवास (अनाज) में रखा जाता, जो प्राण प्रतिष्ठा की एक अत्यंत महत्वपूर्ण प्रक्रिया होती है। इससे पहले अरणी मंथन के माध्यम से हवन कुंड में अग्नि प्रज्वलित करने के लिए अरणी मंथन किया गया, जो अत्यंत दिव्य दृश्य होता है। इस महोत्सव के कारण नगर का वातावरण भक्ति मय हो गया है। पूरा पंडाल “ठाकुर यज्ञनारायण के जयकारों और अन्य भजनों के जयघोष से गूंज उठा है। कई श्रद्धालु भावुक होकर भगवान के दर्शन कर रहे है और शाम को यज्ञशाला के फेरे लगाकर पुण्य लाभ ले रहे है। इस दरमियान रात्रि आठ बजे के बाद धार्मिक आयोजन भी हो रहे है। जिसमे शाजापुर की सुंदरकांड मंडली ने संगीतमय सुंदरकांड की प्रस्तुति दी। वही पंडित श्याम सुंदर त्रिवेदी के मुखरविंद से तीन दिवसीय नानी बाई का मायरा प्रस्तुत किया जा रहा है। आयोजन के व्यवस्थापक रामेश्वर पाटीदार अध्यापक मोहनलाल पाटीदार अध्यापक पुरुषोत्तम पाटीदार तेजुलाल पाटीदार, गंगाराम पाटीदार आदि द्वारा सेवाए दी जा रही है।
प्राण प्रतिष्ठा में देवीय प्रतिमा और पात्र के पुण्य लाभार्थी।
ग्राम रायपुरिया में चल रहे सप्तदिवसीय प्राण प्रतिष्ठा में देवीय प्रतिमा स्थापना और पात्र के पुण्य लाभार्थियों ने बोली लगाकर लाभ लिया। मंदिर निर्माण समिति के अध्यक्ष नानालाल पाटीदार पूर्व जनपद सदस्य ने बताया कि श्रीराम मंदिर में देवीय प्रतिमा की स्थापना के लिए अंबिका माता की प्रतिमा स्थापना के लिए बसंतीलाल छोगालाल पाटीदार ने एक लाख 11 हजार एक सौ 11 रुपए की बोली लगाकर पुण्य लाभ लिया। वही श्रीराम जानकी परिवार की स्थापना का पुण्य लाभ डा नाथूलाल शंकरलाल पाटीदार ने एक लाख एक हजार एक सो ग्यारह रुपए, श्रीराधाकृष्ण मूर्ति स्थापना का पुण्य लाभ भागीरथ छोगालाल पाटीदार ने एक लाख 31 हजार एक सौ 31 रुपए, मुख्य स्वर्ण कलश चढ़ाने का पुण्य लाभ श्री भगवती भवानी माताजी के लिए राजेश रतनलाल पाटीदार ने एक लाख 61 हजार एक सौ 61 रुपए में बोली लगाकर लिया। श्रीराम जानकी परिवार के लिए प्रथम सहकलश चढ़ाने का पुण्य लाभ रामचंद्र भेरूलाल पाटीदार ने 71 हजार एक सौ 71 रुपए में लिया। श्रीराधाकृष्ण भगवान के लिए द्वितीय स्वर्ण सहकलश चढ़ाने का पुण्य लाभ अमृतलाल चंपालाल पाटीदार ने 61 हजार एक सौ 61 रुपए में लिया। मुख्य ध्वजा दंड मां अंबिका मंदिर पर लगाने का पुण्य लाभ नानालाल लच्छीराम पाटीदार ने 71 हजार एक सौ 71 रुपए में बोली लगाकर लिया। प्रथम ध्वजा दंड श्रीराम जानकी परिवार मंदिर पर लगाने का पुण्य लाभ विनोद भागीरथ पाटीदार ने 51 हजार एक सो 51 रुपए में बोली लगाकर लिया। वही द्वितीय ध्वजा दंड श्रीराधेकृष्ण मंदिर पर लगाने का पुण्य लाभ सुरेश दुलीचंद पाटीदार ने 55 हजार पांच सौ 55 रुपए में लिया। वही मंदिर में महा घंटा लगाने का पुण्य लाभ रमेश अंबाराम पाटीदार टेलर साब ने 21 हजार एक सौ 21 रुपए की बोली लगाकर लिया। इस अवसर पर आसपार के दर्जनों गांव से ग्रामीण इस महोत्सव को देखने के लिए पहुंच रहे है।





