संकुल केंद्रों का बीआरसी द्वारा आकस्मिक निरीक्षण,,जीर्ण-शीर्ण भवनों को अन्य भवनों में किया गया शिफ्ट,,,छात्रावास और स्कूलों की व्यवस्थाओं में दिए जरूरी निर्देश..!

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पेटलावद डेस्क। कलेक्टर श्रीमती नेहा मीना द्वारा वीडियो कॉन्फ्रेंस में दिए गए निर्देशों के अनुपालन में तथा अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) सुश्री तनुश्री मीना के मार्गदर्शन में खण्ड स्रोत समन्वयक (बीआरसी) रेखा गिरी ने सोमवार को ब्लॉक पेटलावद के अंतर्गत बरवेट, बोलासा, जामली, रायपुरिया संकुल केंद्रों का आकस्मिक निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान बीआरसी ने संकुल क्षेत्र की कई स्कूलों का जायजा लिया, जहां जीर्ण-शीर्ण भवनों में संचालित हो रही प्राथमिक शालाओं को वैकल्पिक भवनों में शिफ्ट करवाया गया। इसके अंतर्गत पीएस पिपलीपाड़ा एवं महूड़ीपाड़ा को आंगनवाड़ी केंद्रों में, पीएस आम्बापाड़ा को किराए के भवन में, पीठड़ी किचन शेड को अतिरिक्त भवन में तथा सिंगाड़ फलिया कचराखदान को भी किराए के भवन में शिफ्ट किया गया।

एमडीएम की गुणवत्ता की जांच
मिड डे मील (एमडीएम) की गुणवत्ता की भी जांच की गई। बीआरसी ने निर्देश दिए कि भोजन मीनू के अनुसार तैयार किया जाए, भोजन के सैंपल सुरक्षित रखे जाएं और संबंधित पंजी जैसे माता पंजी व अन्य रिकॉर्ड नियमित रूप से बनाए जाएं। संस्था प्रमुख, समूह अध्यक्ष एवं सचिव को इन निर्देशों का पालन सुनिश्चित करने को कहा गया।
शाला व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान
निरीक्षण के दौरान शिक्षक उपस्थिति पंजी, पालक संपर्क पंजी, स्कूल परिसर की स्वच्छता, पीने के पानी की व्यवस्था आदि की जांच की गई। शिक्षकों को समय पर उपस्थिति सुनिश्चित करने तथा बिना पूर्व सूचना या स्वीकृति के अनुपस्थित न रहने के निर्देश भी दिए गए। बरसात के मौसम को देखते हुए विद्यार्थियों की सुरक्षा एवं स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान देने के निर्देश भी जारी किए गए।
बालिका छात्रावास बोलासा का निरीक्षण
बालिका छात्रावास बोलासा का निरीक्षण भी किया गया, जहां अधीक्षिका को निर्देशित किया गया कि छात्राओं की उपस्थिति बढ़ाई जाए, परिसर में स्वच्छता बनी रहे और भोजन मीनू के अनुसार प्रदान किया जाए। छात्रावास में निरीक्षण के समय 26 बालिकाएं उपस्थित पाई गईं। आगंतुक पंजी, आवागमन रजिस्टर का नियमित संधारण, बालिकाओं का स्वास्थ्य परीक्षण एवं उनके आईडी कार्ड बनवाने के निर्देश भी दिए गए। भंडारण कक्ष की स्वच्छता पर भी विशेष ध्यान देने को कहा गया।
इस निरीक्षण के दौरान संबंधित संकुल प्राचार्य एवं जनशिक्षक भी उपस्थित रहे। बीआरसी द्वारा की गई यह पहल शैक्षणिक गुणवत्ता सुधार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।





