मेघनगर में खनिज विभाग की कार्रवाई से बवाल ,कार्रवाई की प्रक्रिया पर उठे सवाल….

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मेघनगर@मुकेश सोलंकी
गुरुवार सुबह मेघनगर रेलवे रेक पॉइंट पर खनिज विभाग के अधिकारियों ने विवादास्पद कार्रवाई करते हुए हड़कंप मचा दिया। दरअसल, यहाँ सिंगल सुपर फॉस्फेट और डीएपी उत्पादक इकाई से निकलने वाले वेस्ट जिप्सम के रेलवे मार्ग से परिवहन पर विभाग ने सवाल खड़े किए।
खनिज अधिकारी जिप्सम को रॉक फॉस्फेट का कच्चा माल बताते हुए कार्रवाई कर रहे थे, जबकि कंपनी का कहना था कि यह जिप्सम है, जिसे सीमेंट कारखानों को आपूर्ति की जा रही है। गौरतलब है कि मेघनगर रेलवे साइडिंग से पिछले कई महीनों से यह परिवहन नियमित रूप से हो रहा था, लेकिन गुरुवार को पहली बार विभाग ने नौ वाहनों को जब्त किया।
जब्त वाहन कंपनी को ही सौंपे जाने से उठे सवाल….
इस पूरे मामलें में आश्चर्यजनक बात यह रही कि खनिज विभाग के अधिकारियों ने जब्त वाहनों को खनिज कार्यालय या पुलिस के सुपुर्द करने के बजाय, उसी कंपनी को वापस सौंप दिया, जिससे उन्हें जब्त किया गया था। इससे विभाग की कार्रवाई की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए।
कंपनी की साख को लग सकता है आघात…
वर्षों से मेघनगर औद्योगिक क्षेत्र में संचालित कृष्णा फॉस्केम लिमिटेड सिंगल सुपर फॉस्फेट और शासकीय अनुदानित डीएपी एनपीके उत्पादन की प्रमुख इकाई है, जहाँ बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों को रोजगार तो मिला ही है साथ ही यहाँ निर्मित शासकीय अनुदानित उर्वरक ने पूरे देश में उर्वरकों की कमी के समय सतत आपूर्ति भी की ।इस कार्रवाई से कंपनी की छवि को नुकसान पहुँचने की आशंका जताई जा रही है।
निरीक्षक ने लोडिंग रोकने के दिए निर्देश, कर्मचारियों से हुई बहस….
खनिज निरीक्षक संतोष सूर्यवंशी ने रेलवे रेक पर लोडिंग करा रहे कंपनी कर्मचारियों को फटकार लगाते हुए लोडिंग तुरंत रोकने के निर्देश दिए। मौके पर कंपनी कर्मचारियों ने परिवहन से जुड़े सभी आवश्यक दस्तावेज़ प्रस्तुत किए, लेकिन खनिज अधिकारियों ने उनकी बात अनसुनी कर दी।
मौके पर उमड़ी भीड़, दो घंटे तक तनाव की स्थिति….
केपीएल के वाहनों पर हुई इस कार्रवाई की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में स्थानीय लोग रेलवे रेक पॉइंट पर जमा हो गए। करीब दो घंटे तक अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच तनातनी का दौर चलता रहा। बाद में खनिज अधिकारी आधा दर्जन वाहनों को लेकर एमपी स्टेट माइनिंग कार्यालय पहुँचे, जहाँ सैंपल लेकर पंचनामा बनाया गया। इसके बाद सभी जब्त वाहन कंपनी प्रबंधन को वापस सौंप दिए गए।
मीडिया से बचते रहे जिला खनिज अधिकारी
पूरी कार्रवाई के दौरान जिला खनिज अधिकारी जुवान सिंह भिण्डे मौके पर उपस्थित मीडियाकर्मियों को कार्रवाई से जुड़ी जानकारी देने से लगातार बचते रहे। उनका यह रवैया खनिज विभाग की कार्रवाई को और भी संदिग्ध बना रहा है। इस दौरान खनिज निरीक्षक संतोष सूर्यवंशी की भी कई लोगों से बहस हुई।
संतोष सूर्यवंशी, खनिज निरीक्षक, झाबुआ
“रेलवे साइडिंग मेघनगर से जो माल ले जाया जा रहा था, उसकी जाँच के लिए हमने सैंपल लिए हैं। मौके से नौ वाहन जब्त किए गए थे, जिन्हें फैक्ट्री प्रबंधन को सुपुर्द कर दिया गया है। मटेरियल की जाँच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।




