बंसीलाल जी जोरदार अभिनंदन करो, सड़क का सत्यानाश, बनने से पहले ही दरारों में बिखरी करोड़ों की सौगात…?

#Jhabuahulchul
खवासा@आनंदीलाल सिसोदिया/आयुष पाटीदार
जहां एक ओर मंच से “जोरदार अभिनंदन करो” के नारों के साथ मोहन सरकार लाखों-करोड़ों की विकास योजनाओं की सौगात देने का दावा कर रही है, वहीं दूसरी ओर झाबुआ जिले के खवासा गांव से सामने आई तस्वीरों ने इन दावों की सच्चाई उजागर कर दी है। हाल ही में घोषित झाबुआ-रतलाम सड़क निर्माण कार्य अभी पूरा होना तो दूर, ठीक से शुरू भी नहीं हुआ था कि सड़क में दरारें दिखाई देने लगीं।
जिस सड़क को क्षेत्र के विकास का बड़ा आधार बताया जा रहा था, उसकी हालत देखकर हर कोई हैरान है। सड़क के कुछ हिस्सों में पहले ही दरारें नजर आ रही हैं, जिससे निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। जब सड़क बनने से पहले ही यह हाल है, तो बनने के बाद इसकी मजबूती पर कैसे भरोसा किया जा सकता है।

सरकार मंच से विकास के बड़े-बड़े दावे कर रही है, लेकिन जमीनी स्तर पर हालात बिल्कुल अलग हैं। लाखों-करोड़ों रुपये की लागत वाली योजना अगर शुरुआत में ही दम तोड़ दे, तो यह सिर्फ लापरवाही नहीं बल्कि सरकार के पैसों के साथ खिलवाड़ है। सवाल उठ रहा है कि कहीं घटिया सामग्री और जल्दबाजी में किए गए काम ने तो इस सड़क को दरारों का शिकार नहीं बना दिया।
आसपास के रहवासियों ने बताया कि वे सिर्फ घोषणाएं और अभिनंदन नहीं, बल्कि टिकाऊ और मजबूत सड़क चाहते हैं। अब जनता की निगाहें प्रशासन और सरकार पर टिकी हैं कि इस मामले में जांच होगी या नहीं, और जिम्मेदारों पर कोई ठोस कार्रवाई की जाएगी या फिर यह मामला भी अन्य मामलों की तरह समय के साथ दबा दिया जाएगा।
कुल मिलाकर यह सड़क मोहन सरकार के विकास के दावों पर सवालिया निशान बनकर खड़ी है, जहां सड़क बनने से पहले ही पड़ी दरारें न सिर्फ निर्माण की खामियों को दिखा रही हैं, बल्कि विकास के नाम पर किए जा रहे दावों की भी हकीकत सामने ला रही हैं।
जब इस मामले में ठेकेदार से मोबाइल पर चर्चा की गई तो बताया कि यह हमारा विषय है हम देख लेंगे।





