
#Jhabuahulchul
सारंगी@संजय उपाध्याय
अंबिका माता मंदिर गरबा पांडाल में गरबो का रंग अब जमने लगा है माता जी की महा आरती के बाद बालिकाओं एवं महिलाओं बच्चों द्वारा देर रात तक गरबे खेले जा रहे हैं। पुरुषों द्वारा गरबा द्वीप प्रचलित कर ढोलक मझिरे की ताल पर गरबी खेली जा रही है। पंडित वेंकट द्विवेदी( पेटलावद ) द्वारा दुर्गा सप्तशती एवं दुर्गा अष्टक का पाठ प्रतिदिन किया जा रहा है। अंबिका माता नवयुग मंडल सारंगी द्वारा गरबा प्रांगण में शानदार व्यवस्था कर गरबा पांडाल को आकर्षित विद्युत साज सज्जा कर सजाया गया है देर रात्रि तक गरबो का आनंद लिया जा रहा हे गरबा देखने के लिए भक्तों का हुजूम उमड़ रहा है इस अवसर पर प्रतिदन रात में अलग-अलग मां के भक्त द्वारा सभी गरबा खेलने वाले एवं सभी भक्तगणों को प्रसादी में फरीयाली का वितरण किया जा रहा है। अंबिका नवयुग मंडल समिति के द्वारा मां के भक्तों से विशेष अनुरोध किया जा रहा है गरबा पंडाल में पधारकर मां के दर्शन कर धर्म लाभ लेंवे।